नान तुर्रा रामगढ़ से जल भरकर कांवरिए कैलाश गुफा रवाना

नान तुर्रा रामगढ़ से जल भरकर 500 कांवरिए कैलाश गुफा के लिए रवाना हुए. कांवर यात्रा सनातन धर्म संत समाज संत गहिरा गुरु आश्रम के तत्वाधान में आयोजित हो रहा है. यह विगत 19 वर्षों से जारी है.  

उदयपुर|  नान तुर्रा रामगढ़ से जल भरकर 500 कांवरिए कैलाश गुफा के लिए रवाना हुए. कांवर यात्रा सनातन धर्म संत समाज संत गहिरा गुरु आश्रम के तत्वाधान में आयोजित हो रहा है. यह विगत 19 वर्षों से जारी है.

प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी सनातन धर्म संत समाज संत गहिरा गुरु आश्रम के उपासकों द्वारा रामगढ़ के नान तुर्रा से जल भरकर कैलाश गुफा के लिए रवाना हुए हैं.

संत गहिरा गुरु के उपासकों में शामिल कांवड़ यात्री गुरुवार की रात को आकर रामगढ़ सीता बेंगरा के साइड में रुके हुए थे. स्थानीय समिति के द्वारा इन लोगों की रात्रि विश्राम एवं भोजन की व्यवस्था की गई. शुक्रवार को सुबह 5:00 बजे से ही घोघरा बांध से स्नान कर जंगल के पथरीले रास्तों में दो किलोमीटर पैदल चलकर संत गहिरा गुरु के साधना स्थल नान तुर्रा पहुंचे.

उक्त स्थल पर न जाने कहां से पहाड़ों के बीच से जल की धारा अनवरत बहती रहती है जिसे स्थानीय लोग नान तुर्रा कहते है. वहीं से कांवरिए जल भरकर पैदल 110 किलोमीटर दूर कैलाश गुफा के लिए ॐ नमः शिवाय का नाम जपते लेकर रवाना हुए.

यात्रा में कुल 500 कांवर यात्री शामिल है इनमें महिला पुरुष सभी तरह के कांवर यात्री शामिल हैं. तीन दिनों के कठिन सफर के बाद इनके द्वारा सोमवार को कैलाश गुफा पहुंचकर जलाभिषेक किया जायेगा.

यात्रा के दौरान मुस्तैदी से पुलिस बल उप निरीक्षक संपत पोटाई, सहायक उप निरीक्षक दिलीप दुबे कांवरियों की सुरक्षा में दल बल सहित तैनात रहे। अग्रवाल सभा उदयपुर द्वारा जनपद के सामुदायिक भवन उदयपुर में सुबह 8 बजे जलपान की व्यवस्था की गई थी जिसमें अन्य स्थानीय लोग भी शामिल रहे.
deshdigital के लिए क्रांति कुमार रावत की रिपोर्ट

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