अनुच्छेद 370 हटाने में अहम भूमिका निभाने वाले ग्यानेश कुमार बने मुख्य चुनाव आयुक्त
वर्ष 2020 में, गृह मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव के रूप में, उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर से जुड़े सुप्रीम कोर्ट मामले में महत्वपूर्ण दस्तावेजों के प्रबंधन में भूमिका निभाई, जिससे श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की स्थापना का मार्ग प्रशस्त हुआ.
नई दिल्ली। पूर्व आईएएस अधिकारी ग्यानेश कुमार को सोमवार को भारत के 26वें मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) के रूप में नियुक्त किया गया. उनकी यह नियुक्ति राजीव कुमार का कार्यकाल समाप्त होने के बाद हुई, जिन्होंने 18 फरवरी तक इस पद पर अपनी सेवाएं दीं. ग्यानेश कुमार, जो 1988 बैच के केरल कैडर के आईएएस अधिकारी हैं, को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी की अगुवाई वाली समिति ने चुना.
मार्च 2023 में चुनाव आयुक्त के रूप में नियुक्त किए गए ग्यानेश कुमार अब मुख्य चुनाव आयुक्त के रूप में बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारी का नेतृत्व करेंगे, साथ ही 2026 में पश्चिम बंगाल, असम और तमिलनाडु में होने वाले चुनावों की भी जिम्मेदारी संभालेंगे.
राजीव कुमार, जिन्होंने मई 2022 में सीईसी का पदभार संभाला था, ने 2024 लोकसभा चुनाव सहित कई महत्वपूर्ण चुनावों का संचालन किया. उनके कार्यकाल में चुनावी पारदर्शिता और मतदाता भागीदारी बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया गया. उनकी सेवानिवृत्ति के साथ, ग्यानेश कुमार अब चुनाव आयोग में नई नेतृत्व भूमिका निभाएंगे.
61 वर्षीय ग्यानेश कुमार ने केंद्र सरकार में कई महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है. अगस्त 2019 में जम्मू–कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने और राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित करने वाले विधेयक को तैयार करने में उनकी अहम भूमिका रही, जब वे गृह मंत्रालय में संयुक्त सचिव (कश्मीर डिवीजन) के पद पर थे.
वर्ष 2020 में, गृह मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव के रूप में, उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर से जुड़े सुप्रीम कोर्ट मामले में महत्वपूर्ण दस्तावेजों के प्रबंधन में भूमिका निभाई, जिससे श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की स्थापना का मार्ग प्रशस्त हुआ.
ग्यानेश कुमार ने आईआईटी कानपुर से सिविल इंजीनियरिंग में बी.टेक किया है. इसके अलावा, उन्होंने इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड फाइनेंशियल एनालिस्ट्स ऑफ इंडिया से बिजनेस फाइनेंस और हार्वर्ड विश्वविद्यालय से पर्यावरणीय अर्थशास्त्र में अध्ययन किया है.
उन्होंने केरल सरकार में भी कई अहम जिम्मेदारियां निभाई हैं, जिनमें एर्नाकुलम के सहायक कलेक्टर, अडूर के उप कलेक्टर, केरल राज्य विकास निगम (अनुसूचित जाति/जनजाति) के प्रबंध निदेशक, कोचीन नगर निगम के आयुक्त, केरल राज्य सहकारी बैंक के एमडी, उद्योग एवं वाणिज्य निदेशक, एर्नाकुलम के जिला कलेक्टर, गोश्री द्वीप विकास प्राधिकरण के सचिव, त्रिवेंद्रम एयरपोर्ट डेवलपमेंट सोसायटी के एमडी, केरल स्टेट ट्रांसपोर्ट प्रोजेक्ट के परियोजना निदेशक और नई दिल्ली स्थित केरल हाउस के रेजिडेंट कमिश्नर शामिल हैं.
