थाना घेरने निकले ग्रामीणों का पुलिस पर पथराव,  लाठी चार्ज- आंसू गैस

0 8

महासमुन्द| रायपुर संभाग के  महासमुन्द जिले में ग्राम नर्रा में थाना घेरने निकले ग्रामीणों को पुलिस द्वारा बीच रास्ते में ही रोकने से नाराज ग्रामीणों ने पुलिस पर पथराव कर दिया। जिससे दर्जनों जवानों को चोटें आईं है।  पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने   हल्का बल प्रयोग करते हुए आंसू  गैस छोड़ा। इसके बाद  माहौल शांत हुआ। पुलिस ने 13 ग्रामीणों को गिरफ्तार किया है।  सुरक्षा के मद्देनजर कोमाखान थाने में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है।

बताया गया कि कल सोमवार को गिरफ्तार किए गए नर्रा के तीन युवकों की रिहाई के लिए थाने का घेराव करने बड़ी संख्या में ग्रामीण निकले थे। पुलिस ने ग्रामीणों को कांदाझरी नदी के पास ही बैरीकेट लगाकर रोक दिया। समझाइश के बाद भी जब ग्रामीण नहीं माने और ने पुलिस पर पथराव शुरु कर दिया। जवाब में पुलिस ने भी हल्का बल प्रयोग करते हुए अश्रु गैस के गोले छोडे। पथराव में 30-35 जवानों को चोटें आईं हैं|

एएसपी श्रीमती मेघा टेम्भूरकर साहू ने बताया कि फिलहाल नर्रा में सब नियंत्रण में है उपद्रव करने वाले ग्रामीण भाग गए हैं। गांव से पुलिस बल को हटाकर सुरक्षा के लिए कोमाखान थाने में तैनात कर दिया गया है। तैनात जवानों की  संख्या करीब सौ से अधिक बताई जा रही हैं।

एएसपी श्रीमती मेघा टेम्भूरकर का कहना है कि मामले में 13 ग्रामीणों को गिरफ्तार किया गया है। जिनके खिलाफ बलवा की धारा 147, 148 और शासकीय कार्य में बाधा की धारा 186 व 427, 353 के तहत जुर्म दर्ज किया गया है।बहरहाल मामले की जांच पुलिस द्वारा की जा रही है।

मामले की जानकारी मिलते ही कलेक्टर डोमन सिंह व एसपी प्रफुल्ल ठाकुर के साथ ही एडीएम जोगेंदर नायक, गरियाबंद एएसपी सुखनंदन राठौर, बागबाहरा एसडीएम भागवत जायसवाल सहित आला अधिकारी भी पहुंच गए और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया लेकिन ग्रामीण नहीं माने।

बता दें कि विगत 30 सितंबर को शराब और गांजा के आरोपियों को पकडऩे नर्रा गई पुलिस पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया था। जिसमें कुछ पुलिसकर्मी घायल हो गए और ग्रामीणों ने गाडिय़ों में तोडफ़ोड़ कर दी थी।

इस मामले में कोमाखान थाने में नर्रा के 7 ग्रामीणों के विरुद्ध जुर्म दर्ज कर 5 फरवरी को 3 युवक जितेंद्र बेलदार, संजय पटेल और प्रीतम पटेल को गिरफ्तार कर लिया गया था। जिसकी जानकारी मिलते ही ग्रामीण आक्रोशित हो गए और रविवार को खरियार रोड, कोमाखान और नर्रा-खट्टी मार्ग अवरुद्ध कर विरोध दर्ज कराया।

युवकों की रिहाई नहीं होने से नाराज ग्रामीणों ने गांव में बैठक कर थाना घेराव करने का निर्णय लिया। सोमवार को घेराव करने के लिए निकले थे जिन्हें पुलिस ने कांदाझरी नाले के पास रोक लिया और करीब चार घंटे तक रोके रखा।

 

 

Leave A Reply

Your email address will not be published.